
भारत में क्रिकेट सिर्फ खेल नहीं, एक सपना है। खिलाड़ी ही नहीं, बल्कि अंपायर बनने का सपना भी हजारों लोग देखते हैं। मैदान पर खड़े होकर बड़े फैसले लेना, मैच को सही दिशा देना और IPL जैसे टूर्नामेंट का हिस्सा बनना ये सब BCCI अंपायर के काम का हिस्सा है।
हाल के वर्षों में कई युवाओं ने पूछा है कि How to Become Cricket Umpire in BCCI। इसका जवाब आसान है, लेकिन रास्ता धैर्य और मेहनत मांगता है।
How to Become Cricket Umpire in BCCI?

BCCI सीधे किसी को अंपायर नहीं बनाता। यह सफर राज्य क्रिकेट एसोसिएशन से शुरू होता है। पहले लोकल और स्टेट लेवल मैच, फिर धीरे-धीरे नेशनल लेवल तक पहुंच। BCCI का पूरा सिस्टम ट्रेनिंग, एग्जाम और परफॉर्मेंस पर चलता है। अगर आप लगातार अच्छा करते हैं, तो मौके अपने आप मिलते हैं।
योग्यता क्या होनी चाहिए?
क्रिकेट अंपायर बनने के लिए किसी खास डिग्री की जरूरत नहीं होती। लेकिन कुछ जरूरी बातें हैं:
- उम्र कम से कम 18 साल होनी चाहिए
- आंखों की रोशनी अच्छी हो
- फिटनेस ठीक हो, ताकि पूरा दिन मैदान पर खड़े रह सकें
- क्रिकेट के नियमों यानी MCC Laws की अच्छी जानकारी हो
ज्यादातर राज्य एसोसिएशन 18 से 40 साल की उम्र वालों को रजिस्ट्रेशन का मौका देते हैं। पढ़ना-लिखना और इंग्लिश के बेसिक शब्द समझना फायदेमंद रहता है।
स्टेप-बाय-स्टेप प्रोसेस

1. राज्य क्रिकेट एसोसिएशन से शुरुआत
सबसे पहले अपने राज्य की क्रिकेट एसोसिएशन की वेबसाइट चेक करें। जैसे हरियाणा में HCA, दिल्ली में DDCA। यहां अंपायर रजिस्ट्रेशन का नोटिफिकेशन आता है। रजिस्ट्रेशन के बाद आपको लोकल मैचों में umpiring का मौका मिलता है।
2. राज्य स्तर की ट्रेनिंग और एग्जाम
- राज्य एसोसिएशन आमतौर पर 2–3 दिन की ट्रेनिंग कराती है।
- इसके बाद लिखित टेस्ट, practical test और viva होता है।
- जो उम्मीदवार पास होते हैं, उन्हें district और state मैच मिलते हैं।
3. BCCI Level 1 Exam
जब आप राज्य स्तर पर अच्छा प्रदर्शन करते हैं, तब आपका नाम BCCI को भेजा जाता है। यहां से How to Become Cricket Umpire in BCCI का असली सफर शुरू होता है। Level 1 exam में लिखित टेस्ट, नियमों की समझ और ऑन-फील्ड परफॉर्मेंस देखी जाती है।
BCCI Level 2 और आगे का रास्ता
Level 1 पास करने के बाद कम से कम एक साल तक लगातार मैच कराने होते हैं। इसके बाद Level 2 exam का मौका मिलता है।
Level 2 में शामिल होता है:
- लिखित परीक्षा
- practical umpiring test
- viva
- medical और fitness test
जो अंपायर यहां अच्छा स्कोर करते हैं, उन्हें BCCI पैनल में जगह मिलती है। पैनल में अलग-अलग ग्रेड होते हैं C, B, A और A+।
ट्रेनिंग और नेशनल एक्सपोजर
BCCI नागपुर में National Academy for Umpires चलाता है। यहां DRS सिस्टम, match management, code of conduct और pressure handling सिखाया जाता है। मैच की वीडियो रिकॉर्डिंग के जरिए परफॉर्मेंस चेक होती है।
एक सीनियर अंपायर बताते हैं, “आज के समय में सिर्फ फैसले ही नहीं, बल्कि body language और communication भी बहुत मायने रखता है।”
IPL और इंटरनेशनल मैच तक कैसे पहुंचें?
जो अंपायर लगातार domestic matches में अच्छा करते हैं, उन्हें IPL में मौका मिलता है। IPL एक बड़ा प्लेटफॉर्म है, यहां अच्छा प्रदर्शन करने वाले अंपायर आगे चलकर इंटरनेशनल मैच भी कर सकते हैं।
यही कारण है कि कई युवा जानना चाहते हैं How to Become Cricket Umpire in BCCI, क्योंकि इसमें नाम, सम्मान और अच्छी कमाई तीनों हैं।
पब्लिक और युवाओं की राय
सोशल मीडिया पर कई युवा अंपायर बनने को लेकर सवाल पूछते रहते हैं। उनका मानना है कि अगर खेलने का मौका नहीं मिला, तो umpiring भी क्रिकेट से जुड़े रहने का शानदार तरीका है।
Read These Also:
- How to Use ChatGPT for UPSC preparation जाने हिंदी में और करे फ्री में UPSC की तैयारी!
- Amul Ice Cream Franchise Profit Margin Per Month कितना हैं?
जरूरी सलाह
- रोज MCC Laws पढ़ें
- लोकल मैचों में जितना हो सके अनुभव लें
- फिटनेस और discipline पर ध्यान दें
- राज्य एसोसिएशन की वेबसाइट नियमित चेक करें
अगर आप सही रास्ते पर मेहनत करते हैं, तो How to Become Cricket Umpire in BCCI सिर्फ सवाल नहीं, बल्कि हकीकत बन सकता है।